शहर से आई दीदी को चोदा

हैलो दोस्तो मेरा नाम अमित है । और मेरी उम्र अठारह साल है और मैं गांव का रहने वाला हूं । मेरे परिवार में मम्मी पापा और मैं हूं । पापा सरकारी टीचर है मम्मी घर और खेत दोनो देखती है और मैं पढ़ाई करता हु और खेत के काम में मां का हाथ बटाटा हूं।

आज मैं आप लोगो एक ऐसी कहानी सुनाने जा रहा हु जिसमे मेरी मौसी को बेटी मेरे घर आई थी और मैं उसको माना कर चुदाई की

यह बात उस समय की है मेरी कॉलेज में गर्मी की छुट्टियां चल रही थी तो मैं खेत में मम्मी का हाथ बाटा रहा था । तभी एक दिन मेरी मौसी का कॉल आया की उनकी बेटी हमारे घर छुट्टियां मनाने। आ रही है

कल होकर दीदी गांव आई जैसे ही मैं दरवाजा खोला मैंने उनको देखता रह गया रंग एकदम गोरा चूचियां का उभार उनके टीशर्ट के ऊपर से साफ दिख रहा था आज तक मैंने ऐसा माल नहीं देखा था उनको देखते ही मेरा मन उसको चोदने का करने लगा दीदी अंदर आई उनसे जींस पहना था जींस में उसके गान्ड का उभार देख कर मेरे लन्ड का बुरा हाल था मैं मन ही मन दीदी को चोदने के बारे में सोचने लगा । सयाद भगवान ने मेरी सुन ली मम्मी ने बोला अमित दीदी का सामान अपने कमरे में रख दे दूसरे कमरे का लाइट पंखा खराब है तो प्रियंका तेरे साथ ही रहेगी मैं ये सुनकर खुश हो गया । फिर दीदी फ्रेश हुई और एक लोअर और व्हाइट कलर की टीशर्ट पहने लि और वो मेरे कमरे में एक लेट गई । मैंने उनके चूचियों को घूर रहा था । और सोच रहा था दीदी को कैसे चोदूं । तभी मम्मी में आवाज लगाई अजाओ खाना हु गया फिर हम सब ने खाना खाया और मैने और दीदी छत पर टहलने चले गए । फिर हम लोग निचे आ गए और सोने चले गए में सो गया वो मेरी बगल में एक सो गईं बेड छोटा होने के कारण हम दोनो के बीच थोड़ा सा ही जगह बचा था तभी दीदी ने करवट ली और उनका गान्ड मेरी तरफ था मैं उनकी गांड़ को देखने लगा लोअर टाइट होने के कारण गान्ड का उभार पूरी साफ दिख रहा था । फिर मैंने उनको आवाज लगाई पर वो नींद में सो चुकी थी फिर मैने उनके गांड़ को हल्के हाथों से सहला रहा था और अपनी लन्ड को भी सहला रहा था । फिर थोड़ी देर बाद जब दीदी ने करवट बदली तो उनकी बड़ी बड़ी चूचियां मेरे सामने आ गई मन कर रहा था जोर से दबा दू पर डर लग रहा था फिर मैने उनकी चूचियों पर हाथ फेरी मखन जैसे मुलायम थे फिर मैं उनके चूचियों को सहला रहा था और उनको चूचियों और गान्ड को सहलाने से मेरा लन्ड पूरा खड़ा होगया था फिर मैने उनके चूचियों और गांड़ के एहसास से मूठ मारा और सो गया सुबह हुआ हम सब फ्रेश हुए नस्ता किए और पापा स्कूल चले गए मम्मी खेत जाते वक्त मुझे आवाज दिया अमित चल खेत मैं मम्मी के साथ जाने ही वाला था की दीदी बोली मौसी मैने भी चालू तो मां ने बोल दिया चलो इसी बहाने घूम भी लोगी हम तीनों खेत पहुंच गए । उस वक्त खेत में गाने की कटाई चल रही थी तो मैंने और दीदी गाने की के खेत में रुक गए और मां बगीचे में चली गई । मैं गाने की कटाई करने लगा । तो दीदी भी बोली अमित मुझे भी गाने काटना है में बोला आजाओ वो हाथ में हसुआ ले ली और बोली कैसे काटू मैने बोला आजाओ सीखा देता हु वो मेरे आगे आ गई मैं उसको झुक कर गाने के जड़ को काटो पर दीदी से कट ही नई रहा था तो मैंने उसको पीछे से पकड़ा तो मेरा लन्ड उसकी गान्ड में घुस रहा था फिर मैने उसको हाथ को अपने हाथ से पकड़ा और गाने काटने लगा मुझे उसके गान्ड के स्पर्स से बहुत मजा आ रहा था फिर वो खुद से काटने लगी फिर वो थोड़ी देर बाद मुझे बोली मुझे सुसू करना है किधर करू मैं उसको गने खेत के पीछे ले गया और बोला इधर कर लो फिर मैं वापस एक गने के अंदर से छुप कर देखने लगा दीदी ने अपनी लोअर निचे को और फिर अपनी लाल कलर की पैंटी फिर वो बैठी तो उनका गुलाबी चूत मुझे साफ साफ दिखा फिर सूसू करने की आवास सु सुऊऊऊ क्या बताऊं दोस्तो मेरा मन कर रहा था की अभी जाऊ और दीदी को पीछे के पकड़ कर चोद दू पर क्या करू दर लग रहा था फिर हम सब साम को घर लौटे फिर मम्मी ने खाना बनाया और सब ने खाना खाया और थोड़ी देर बाद सब सोने चले गए । आज जब दीदी सो गई तो मैं उनका गान्ड को सहलाने लगा और एक हाथ से चूची को भी सहला रहा था थोड़ी देर बाद मैं गर्म हो गई तो मैंने दीदी को चूची को जोर से दबा दिया तो दीदी उठ गई और बोलने लगी ये तू क्या कर था है अमित मैं डर गई कही ये मम्मी पापा को ना बाटा दे तो मैंने बोला दीदी मुझे माफ कर दो अब कभी ऐसा नहीं करूंगा । फिर वो बोली कोई न इस उमर में ये सब होता है तू किसी को मत बताना और मुझे किस करने लगी मैं भी उसको किस करने लगा फिर मैने उनको टीशर्ट को खोल दिया और चुचियों को दबाने लगा वो abb अह्ह्ह्ह अह्ह्ह्हह की आवाज के साथ मेरे लन्ड को अपने हाथ से सहला रही थी मुझे बहुत अच्छा लग रहा था मेरे मुंह से बस इतना निकल रहा था दीदी बहुत मजा आ रहा है और करो ओह्ह्ह दीदी अह्ह्ह्ज मजा आ रहा है । फिर मैने उनका ब्रा उतार दिया और एक चूची को मुंह में लेकर चूसने लगा और दूसरे चूची दबाने लगा वो भी बोल रही थी अअह्ह्ह्ह भाई चूस अच्छे से चूस कुछ देर चूचियों को चूसने के बाद मैने उनका लोअर खोल दिया और पैंटी के ऊपर से उनकी चूत को सहालने लगा और हम दोनो एक दूसरे को किस करने लगे फिर दीदी ने मेरे लन्ड को अपने मुंह में लेकर चूसना सुरू किया मुझे जनट का सुख मिल रहा था फिर मैने दीदी की पैंटी भी उतार दी और दीदी के गुलाबी चूत को सहालने लगा वो और उसकी चूत को अपनी जीभ से चाटने लगा उसके मुंह से बस उह्ह्ह्ह्ह भाई अअह्ह्ह्ह्ह मजा आ रहा है और कर में दीदी की चूत में एक उंगली डाल दी वो उछल पड़ी और मेरे मुंह को अपने चूत में दबाने लगी फिर मेरे लन्ड पूरा लाइट हो गया था फिर मैने अपने लन्ड को दीदी के चूत पर सेट किया और एक जोर का धका मारा और मेरा आधा लन्ड अंदर चला गई वो रो पड़ी बोली भाई रुक जा मैं रुका और उसको किस करने लगा और चूचियां दबाने लगा जब उसका दर्द कम हुआ तो मैंने धीरे धीरे झटके मरने सुरू किया अब उसे भी मजा आने लगा वो भी अपना गान्ड ऊपर उठा कर चुदाई करने लगी उसके मुंह से बस ओह अह्ह्ह बहुत मजा आ रहा है और जोर से कर भाई मैने जोर से झटके मरने सुरू किया थोड़ी देर में मैंने उसके चूत में ही झर गया और एक दूसरे को पकड़ कर सो गए थोड़ी देर बाद हम दोनो का दुबारा मूंड बन गया अब हम एक दूसरे को किस करने लगे इस बार हम दोनो सिक्सटीनाइन के पोजीशन से थे वो मेरे लन्ड को चूस रही थी और मैं उसके चूत को चाट रहा था फिर मैने लन्ड को चूत पर सेट किया और एक झटके में पूरा लुंड अंदर चला गया और पच पच आवाज आने लगी और आह आह उह्ह्ह्ह्हह फिर चूत चोदने के बाद मैने दीदी की गांड़ भी मारा गांड़ मरने में बहुत मजा आया

फिर हम कल खेत गए तो गने के खेत में चुदाई की और जब तक दीदी मेरे घर पर रही हम रोज रात को चुदाई करते रहे और कभी कभी खेत में भी चुदाई की मुझे बहुत मजा आया

App log comment me बताना आपको ये भाई बहन की चुदाई की कहानी कैसी लगी

फिर मिलेंगे किसी और नई कहानी के साथ तब तक अपना खयाल रखिए

Thank you

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